sábado, 1 de novembro de 2025

भविष्यवक्ता यशायाह की पुस्तक 53

 भविष्यवक्ता यशायाह की पुस्तक 53


1 हमारे संदेश पर किसने विश्वास किया? और प्रभु का भुजबल किस पर प्रकट हुआ?

2 क्योंकि वह उसके साम्हने कोमल अंकुर के समान, और निर्जल भूमि में फूटी जड़ के समान उगा; उसका न तो रूप था, न शोभा कि हम उसे देखते, और न उसके रूप में कुछ ऐसा था कि हम उसको चाहते।

3 वह मनुष्यों द्वारा तुच्छ जाना गया और त्यागा गया, वह दुःखी मनुष्य था, और पीड़ा से परिचित था। वह उस मनुष्य के समान तुच्छ जाना गया, और हम ने उसका अनादर किया।

4 निश्चय उसने हमारा दुःख उठाया और हमारे ही दुख उठाए, फिर भी हमने उसे परमेश्वर का दण्डित, उसके द्वारा मारा हुआ और पीड़ित समझा।

5 परन्तु वह हमारे ही अपराधों के कारण घायल किया गया, वह हमारे अधर्म के कामों के कारण कुचला गया; हमें शान्ति देने वाला दण्ड उस पर पड़ा, और उसके कोड़ों से हम चंगे हो गए। 

6 हम सब भेड़ों के समान भटक गए हैं, हम में से प्रत्येक ने अपना अपना मार्ग लिया है; और यहोवा ने हम सभों के अधर्म का बोझ उसी पर लाद दिया।

7 वह सताया गया और सहा गया, तौभी उसने अपना मुँह न खोला; वह वध होने के समय मेम्ने के समान और ऊन कतरने के समय भेड़ के समान चुपचाप शान्त रहता है, वैसे ही उसने अपना मुँह न खोला।

8 वह अत्याचार और न्याय के द्वारा उठा लिया गया; और उसकी पीढ़ी का गिननेवाला कौन है? क्योंकि वह जीवतों के बीच से नाश किया गया; मेरे ही लोगों के अपराध के कारण उसे दण्ड मिला।

9 उसकी कब्र दुष्टों के संग ठहराई गई, और उसकी मृत्यु धनवानों के संग हुई, यद्यपि उसने न तो कोई उपद्रव किया था, और न उसके मुँह से कोई छल की बात निकली थी।

10 तौभी यहोवा को यही भाया कि उसे कुचले; उसने उसे शोकित किया है। जब उसका प्राण पापबलि चढ़ाएगा, तब वह अपने वंश को देखने पाएगा, और अपनी आयु बढ़ाएगा; और यहोवा की इच्छा उसके हाथ से सफल होगी।

11 वह अपने परिश्रम का फल देखेगा और तृप्त होगा; अपने ज्ञान के द्वारा मेरा धर्मी दास बहुतेरों को धर्मी ठहराएगा, क्योंकि वह उनके अधर्म का बोझ उठा लेगा।

12 इस कारण मैं उसे महान लोगों के संग भाग दूंगा, और वह बलवानों के संग लूट बांट लेगा, क्योंकि उसने अपना प्राण मृत्यु के लिये उंडेल दिया, और वह अपराधियों के संग गिना गया; क्योंकि उसने बहुतेरों के पाप का बोझ उठा लिया, और अपराधियों के लिये बिनती की।

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